Wednesday , 1 December 2021

कुलाधिपति एवं राज्यपाल श्री मिश्र ने ली कोटा स्थित विश्वविद्यालयों की समीक्षा बैठक

राज्यपाल एवं कुलाधिपति श्री कलराज मिश्र ने विश्वविद्यालयों को नई शिक्षा नीति को ध्यान मे रखते हुए विद्यार्थियों के हित में समयानुरूप पाठ्यक्रम विकसित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने तकनीकी पाठ्यक्रमों में कौशल प्रशिक्षण पर विशेष ध्यान देने और मुक्त विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रमों को निरंतर अपडेट किए जाने का भी आह्ववान किया। उन्होंने कहा कि गुणवत्ता के साथ रोजगारोन्मुखी शिक्षा के लिए सभी विश्वविद्यालयों के स्तर पर निरंतर प्रयास किए जाने चाहिए।

राज्यपाल गुरूवार को कोटा विश्वविद्यालय के अतिथिगृह में कोटा के सभी विश्वविद्यालयों की प्र्रगति की समीक्षा बैठक में सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने राजस्थान तकनीकी विश्वविद्यालय, कोटा विश्वविद्यालय और वर्धमान महावीर खुला विश्वविद्यालय, कोटा द्वारा प्रस्तुत उनके पाठ्यक्रमों और शैक्षणिक गतिविधियों के सबंध में किए जा रहे नवाचारों का प्रस्तुतिकरण भी देखा। राज्यपाल श्री मिश्र ने कहा कि विश्वविद्यालयों में रिक्त पदों पर नियुक्तियों एवं पदोन्नति के सबंध में समयबद्ध कार्यवाही करवाने का प्रयास किया जाएगा।

भविष्य की चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए शिक्षा का विकास करें

राज्यपाल ने सभी विश्वविद्यालयों के प्रस्तुतिकरण को देखकर कहा कि भविष्य की आवश्यकताओं और चुनौतियों को ध्यान मे रखते हुए विश्वविद्यालयों को ज्ञान के उत्कृष्ट केन्द्र के रूप में विकसित करने के प्रयास करें। उन्होंने विश्वविद्यालयों द्वारा सामाजिक सरोकारों के तहत राजभवन की पहल पर प्रारंभ गांव गोद लेकर उनके विकास और पर्यावरण संरक्षण तथा अन्य स्तरों पर सामाजिक सहभागिता के के कार्यों की सराहना भी की।

पाठ्यक्रमों को रोजगारपरक बनायें

राज्यपाल ने विश्वविद्यालयों द्वारा तकनीकी और विज्ञान विषय के पाठ्यक्रमों को अंग्रेजी के साथ हिंदी और क्षेत्रीय भाषाआें में भी तैयार किए जाने पर बल दिया। उन्होंने पाठ्यक्रमों को रोजगारोन्मुखी करने और व्यावसायिक शिक्षा के अंतर्गत आत्मनिर्भर भारत की सोच को भी व्यावहारिक रूप में क्रियान्वित किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शिक्षा में निरंतर नवाचार अपनाते हुए कार्य किए जाये जिससे आने वाली पीढ़ियों को समय के अनुकूल शिक्षा प्राप्त करने का सपना साकार हो सके।
बैठक में राज्यपाल के प्रमुख विशेषाधिकारी श्री गोविन्द राम जायसवाल, वर्धमान महावीर खुला विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. आर.एल गोदारा, कोटा विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. नीलिमा सिंह, कृषि विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. डी.सी. जोशी, राजस्थान तकनीकी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. आर.ए. गुप्ता उपस्थित रहे।

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